मुस्कुराएंगे
बहल जाएंगे
आज़माएंगे
फिर सताएंगे
वो बुलाएंगे
हम ना जाएंगे
यूँ दिखाएँगे
ख़ार खाएंगे
तिलमिलायेंगे
रूठ जाएंगे
दिल दुखायेंगे
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बाज़ आएंगे नहीं
रंजिश ही सही
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क़िताब ए जिंदगी में बाब हूं सितारों का मैं रोशनी हूं तलातुम हूं चाँद तारों का हिजाब रुख पे बहुत मैने ओढ़ रखे हैं मुझे पता नहीं है कुछ मेरे दया...
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