wo door door hi rehte hain aur kehte hain
वो दूर-दूर ही रहते हैं और कहते हैं |
ke ham suroor ke matlab se pyar karte hain
के हम सुरूर के मतलब से प्यार करते हैं ||
koi nikaal de seenay se mere is dil ko
कोई निकाल दे सीने से मेरे इस दिल को |
aur phir dekh le ham kaise unpe marte hain
और फिर देख ले हम कैसे उनपे मरते हैं ||
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राम भजन
धियान न लागे मोरा राम का करूँ सोहे तोरा नाम गलियाँ फिरत हूँ चारों पहर अब तोरा नाम जपन मोरा काम धियान न लागे मोरा राम ... जो सुख तोरे नाम...
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ये क्या एहसास है के तू मेरे पास है यूं तो एहसास हैं अनगिनत मगर ये खास है ये क्या एहसास है ज़मीं आकाश है हवाओं में तेरी ख़ातिर कोई विश्वास है...
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काश मिलने के इरादे कभी टलते ही नहीं साथ हम छोड़ कभी राह बदलते ही नहीं पर तरसने के लिए हम न जुदा होते तो एक दूजे के लिए फिर से मचलते ही नहीं ध...
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किसको है मिला सुकूँ किसको है मिली ख़ुशी अफ़वाही है, अफ़वाही है अफ़वाही ज़िंदगी ख़ुशियों की जुस्तजू में हर कोई मिला दुखी अफ़वाही ...
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